मध्यप्रदेश के एक छोटे कस्बे से निकला एक साधारण सा लड़का आज दिल्ली की चमकती हुई न्यूज़ इंडस्ट्री में अपनी अलग पहचान बना चुका है। यह कहानी है विकास ब्रजेश सक्सेना की, जिन्होंने गांव-शहर के फासले, सीमित साधन और तमाम मुश्किलों को पीछे छोड़ते हुए पत्रकारिता में अपना मुकाम हासिल किया।
स्कूल की पढ़ाई के बाद उन्होंने भोपाल का रुख किया और माखनलाल चतुर्वेदी पत्रकारिता विश्वविद्यालय में दाखिला लिया। यहां से उन्हें पत्रकारिता की बुनियादी समझ मिली। पढ़ाई के साथ-साथ उन्होंने मेहनत करते हुए अलग-अलग चैनलों में इंटर्नशिप की। बंसल न्यूज़ और स्वराज एक्सप्रेस में शुरुआती अनुभव ने उनके आत्मविश्वास को बढ़ाया। डीडी न्यूज़ जैसे मंच पर काम करने से उन्हें राष्ट्रीय स्तर पर काम करने की झलक मिली।
पढ़ाई पूरी करने के बाद विकास का अगला पड़ाव था दिल्ली। बड़े शहर की भीड़ और प्रतियोगिता ने उनका इम्तिहान लिया, लेकिन मेहनत और आत्मविश्वास ने उन्हें कभी हारने नहीं दिया। नोएडा में हिंदी खबर चैनल से शुरुआत की, जहां परदे के पीछे काम करने के बाद उन्होंने कैमरे के सामने भी अपनी जगह बना ली। धीरे-धीरे एंकरिंग के मौके मिलने लगे और उन्होंने अपनी आवाज़ व शैली से दर्शकों का ध्यान खींचा।
आज विकास ब्रजेश देश के प्रतिष्ठित मीडिया नेटवर्क नेटवर्क 18 में बतौर एंकर काम कर रहे हैं। छोटे कस्बे से निकलकर राष्ट्रीय मंच तक पहुंचने की यह यात्रा उन सभी युवाओं के लिए मिसाल है, जो सपने देखने की हिम्मत रखते हैं।
उनकी कहानी यह सिखाती है कि मुश्किल हालात कभी भी मंज़िल पाने में रुकावट नहीं बनते। सही दिशा, कड़ी मेहनत और आत्मविश्वास के साथ कोई भी साधारण युवक असाधारण काम कर सकता है। विकास ब्रजेश की सफलता उन युवाओं के लिए प्रेरणा है जो मानते हैं कि सपना चाहे कितना भी बड़ा हो, उसे पाने का हक हर किसी को है।
विकास ब्रजेश सक्सेना
“MCU यानी माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय, ये नाम जब भी ज़हन में आता है तो अनेक स्मृतियां आखों के सामने आ जाती हैं। यही वो जगह है जिसमें पत्रकारिता की अ, आ, इ, ई सिखाई है…स्कूल पास करने के बाद नेम औऱ फेम की चाह में यहां आए थे लेकिन ज़िंदगी के कई इतने सबक यहां से सीखने को मिले…यहां आए तो पता चला कि मीडिया की दुनिया जितनी चमकती नज़र आती है उससे कहीं ज्यादा ये बलिदान मांगती है…लेकिन एक मंज़िल बनने के लिए सबसे महत्वपूर्ण हैं उसकी नींव, मंजिल की सारी मज़बूती इसी पर निर्भर होती है…और MCU वो संस्थान है जहां हर वर्ष कितने नन्हें पौधों को पत्रकारिता का बटवृक्ष बना रहा है…बस पूरी ईमानदारी से लगे रहिए मंजिल आपकी है।”
Story covered by Ayush Singh

